नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गुरुवार को संसद के बजट सत्र के दूसरे दिन पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहा कि यह सत्र बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि सरकार की पहचान रही है – रिफॉर्म, परफॉर्म और ट्रांसफॉर्म, और अब हम ‘रिफॉर्म एक्सप्रेस’ पर चल पड़े हैं।
प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि 21वीं सदी का एक चौथाई हिस्सा बीत चुका है और अब दूसरे चौथाई की शुरुआत हो रही है। उन्होंने 2047 में विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए आने वाले 25 वर्षों को बेहद अहम बताया।
वहीं, कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने पीएम मोदी की संसद में की गई स्पीच पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री ने देश के नाम दिखावटी संदेश दिए। उनका आरोप था कि पीएम संसद में विपक्ष के सवालों का जवाब नहीं देते और सदन में उनकी स्पीच चुनावी रैली जैसी होती है।
वर्तमान में लोकसभा में 9 महत्वपूर्ण विधेयक लंबित हैं, जिनमें विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान विधेयक 2025, प्रतिभूति बाजार संहिता 2025 और संविधान (129वां संशोधन) विधेयक 2024 शामिल हैं। इन विधेयकों की जांच फिलहाल संसदीय स्थायी या प्रवर समितियों द्वारा की जा रही है।
संसद में प्रश्नकाल के दौरान लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने लगातार बात कर रहे सांसदों को जमकर फटकार लगाई। उन्होंने कहा कि यदि सदस्य आपस में लंबी बातचीत करना चाहते हैं तो उन्हें चैंबर से बाहर जाना चाहिए।
➯ Pic and story by Kamal Nain Narang





