फिरोजाबाद। सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनर्स एसोसिएशन की बैठक में पेंशन संबंधी मुद्दों पर चर्चा की गई। बैठक में निर्णय लिया गया कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं, तो 21 अप्रैल को अखिल भारतीय राज्य सरकारी पेंशनर्स फेडरेशन के आह्वान पर पूरे देश में पेंशनर्स धरना प्रदर्शन करेंगे। इस प्रदर्शन को सफल बनाने के लिए रणनीति भी बनाई गई।
राज्य कर्मचारी महासंघ के जिलाध्यक्ष प्रेमप्रकाश कुशवाह ने कहा कि पेंशनर्स के वित्त विधेयक 2025 को वापस लिया जाए और एनपीएसएस की जगह ओपीएस लागू किया जाए। उन्होंने मांग की कि आठवें वेतन आयोग का लाभ पूर्व सेवानिवृत्त सभी कर्मचारियों को दिया जाए, कोरोना काल के 18 महीने के अवशेष डीए का तत्काल भुगतान किया जाए, राशिकरण की कटौती 15 वर्ष के बजाय 11 वर्ष तक ही हो, आयकर से पेंशनर्स को मुक्त रखा जाए और रेलवे, हवाई जहाज, बस आदि में पूर्व की तरह किराया रियायत लागू रहे। पेंशनर्स ने चेतावनी दी कि यदि इन मांगों का तत्काल समाधान नहीं हुआ, तो अगले माह हस्ताक्षर याचिका कार्यक्रम भी चलाया जाएगा। बैठक में मनोज सिंह, मुश्ताक अहमद, ब्रजपाल सिंह, बृजेश कुमार उपाध्याय, दिनेश बाबू, सुखदेव सिंह, नेपाल सिंह, राजकुमार, दर्शन सिंह याद, विजेन्द्र सिंह सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।





