लखनऊ। कृषि उत्पादन आयुक्त दीपक कुमार ने लेखपाल भर्ती की मुख्य लिखित परीक्षा तथा उत्तर प्रदेश संयुक्त बी.एड. प्रवेश परीक्षा-2026 की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा कर संबंधित मंडलायुक्तों, जिलाधिकारियों एवं वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि दोनों परीक्षाएं निर्धारित मानकों के अनुसार सकुशल, निष्पक्ष, पारदर्शी एवं सुव्यवस्थित ढंग से कराई जाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि परीक्षा की शुचिता बनाए रखना शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए सभी स्तरों पर सतर्कता और समन्वय जरूरी है।
कृषि उत्पादन आयुक्त ने निर्देश दिए कि केन्द्र अधीक्षकों, स्टैटिक मजिस्ट्रेट, सेक्टर मजिस्ट्रेट एवं परीक्षा ड्यूटी में लगे अधिकारियों का समुचित प्रशिक्षण कराया जाए, ताकि किसी प्रकार की त्रुटि या लापरवाही न हो। उन्होंने गोपनीय सामग्री की सुरक्षा को अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि प्रश्नपत्रों का वितरण निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार ही सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अभ्यर्थियों की चेकिंग और फ्रिस्किंग पूरी गंभीरता से करने, रेलवे स्टेशनों और बस अड्डों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने तथा ट्रैफिक जाम से बचने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करने के निर्देश भी दिए। साथ ही सोशल मीडिया पर निगरानी और स्थानीय अभिसूचना तंत्र को सक्रिय रखने पर बल दिया गया।
गर्मी को देखते हुए सभी परीक्षा केन्द्रों पर निर्बाध बिजली आपूर्ति और पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। इसके अलावा परीक्षा केन्द्रों के पास होल्डिंग एरिया बनाने और अस्पतालों को अलर्ट मोड पर रखने के लिए भी कहा गया। बैठक में बताया गया कि लेखपाल भर्ती परीक्षा 21 मई 2026 को प्रदेश के 44 जनपदों के 861 परीक्षा केन्द्रों पर आयोजित होगी, जिसमें 3,66,712 अभ्यर्थी शामिल होंगे।
वहीं बी.एड. संयुक्त प्रवेश परीक्षा-2026 के लिए 4,44,958 आवेदन प्राप्त हुए हैं। यह परीक्षा 72 जनपदों के 1011 केन्द्रों पर दो पालियों में आयोजित की जाएगी। इसमें एआई आधारित सर्विलांस सिस्टम के जरिए सभी केन्द्रों की लाइव निगरानी की जाएगी और बायोमेट्रिक व फेस रिकग्निशन उपस्थिति भी दर्ज की जाएगी। बैठक में प्रमुख सचिव उच्च शिक्षा एम.पी. अग्रवाल, एडीजी एलओ अमिताभ यश, सचिव उच्च शिक्षा अमृत त्रिपाठी सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।




