रायबरेली। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर एम्स रायबरेली में विभिन्न जागरूकता एवं पर्यावरण संरक्षण कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस दौरान संस्थान ने पूरे परिसर को सिंगल-यूज प्लास्टिक फ्री जोन बनाने का संकल्प लिया तथा पर्यावरण संरक्षण के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी निभाने का संदेश दिया। कार्यक्रम की शुरुआत कार्यकारी निदेशक डॉ. अमिता जैन द्वारा सेंटर फॉर रूरल हेल्थ (सीआरएच), सलोन के भ्रमण से हुई। सामुदायिक चिकित्सा विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम का उद्घाटन उन्होंने वृक्षारोपण कर किया। इस अवसर पर उन्होंने उपस्थित कर्मचारियों, स्वास्थ्यकर्मियों और स्थानीय नागरिकों से पर्यावरण संरक्षण के लिए सक्रिय योगदान देने का आह्वान किया। भ्रमण के दौरान उन्होंने केंद्र की स्वास्थ्य सुविधाओं, उपलब्ध सेवाओं, आधारभूत संरचना और संचालन व्यवस्थाओं का भी निरीक्षण किया।
कार्यक्रम में कर्मचारियों, स्वास्थ्यकर्मियों और स्थानीय नागरिकों ने पर्यावरण संरक्षण तथा सिंगल-यूज प्लास्टिक के उपयोग को त्यागने की शपथ ली। प्रतिभागियों ने स्वच्छ एवं हरित पर्यावरण के निर्माण, प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण तथा प्लास्टिक प्रदूषण को कम करने के लिए सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प व्यक्त किया। इस अवसर पर सीएचसी प्रभारी डॉ. अमित, एचईओ शिवकरण सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी उपस्थित रहे। संस्थान परिसर में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में कार्यकारी निदेशक डॉ. अमिता जैन ने ऊर्जा संरक्षण और पर्यावरण सुरक्षा के लिए दैनिक जीवन में छोटे-छोटे प्रयासों की महत्ता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि कमरे से निकलते समय बिजली के उपकरण बंद करना और संसाधनों का विवेकपूर्ण उपयोग करना पर्यावरण संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं। साथ ही जैव-अपशिष्ट पदार्थों के उचित वर्गीकरण, पुनर्चक्रण और सुरक्षित निपटान पर भी विशेष बल दिया।
सायंकाल संस्थान के मुख्य द्वार के समीप स्थित गुलाब उद्यान में कार्यकारी निदेशक, डीन (अकादमिक), उप-निदेशक (प्रशासन), वित्तीय सलाहकार, अपर चिकित्सा अधीक्षक सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने वृक्षारोपण किया। परिसर को सिंगल-यूज प्लास्टिक फ्री बनाने की पहल के तहत सफाई एवं आउटसोर्स कर्मचारियों, निवासियों, मरीजों और उनके तीमारदारों को जूट बैग भी वितरित किए गए। विश्व पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य में सामुदायिक चिकित्सा विभाग द्वारा पोस्टर प्रतियोगिता का आयोजन भी किया गया, जिसमें एमबीबीएस विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का समापन उप-निदेशक (प्रशासन) द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।





