फिरोजाबाद। थाना उत्तर पुलिस, एसओजी और सर्विलांस टीम की संयुक्त कार्रवाई में टप्पेबाजी की वारदातों को अंजाम देने वाले अंतरजनपदीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए चार बदमाशों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस मुठभेड़ के दौरान दो बदमाशों के पैर में गोली लगी, जबकि उनके दो साथियों को घेराबंदी कर दबोच लिया गया। पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से डेढ़ लाख रुपये की नकदी, अवैध हथियार और वारदात में प्रयुक्त तीन मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। एसपी सिटी रविशंकर प्रसाद ने बताया कि 23 जून को थाना उत्तर क्षेत्र में मॉर्निंग वॉक पर निकले एक बुजुर्ग को बहला-फुसलाकर उनकी सोने की माला और अंगूठी ठग ली गई थी। इस संबंध में थाना उत्तर में मुकदमा दर्ज कर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आदित्य लांग्हे के निर्देशन में तीन विशेष टीमों का गठन किया गया था।
मुखबिर से सूचना मिली कि वारदात में शामिल बदमाश बैंदी की पुलिया के पास किसी नई घटना को अंजाम देने की फिराक में मौजूद हैं। सूचना पर पहुंची पुलिस टीम ने घेराबंदी की तो बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। आत्मरक्षा में पुलिस की जवाबी कार्रवाई में जग्गू उर्फ जगदीश और सुभाष यादव के पैर में गोली लग गई। वहीं, भागने का प्रयास कर रहे तनुज गोस्वामी और दिनेश चंद्र गोस्वामी को पुलिस ने पीछा कर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से टप्पेबाजी कर बेचे गए आभूषणों के 1.50 लाख रुपये, तीन अवैध तमंचे, चार कारतूस तथा घटना में प्रयुक्त तीन स्प्लेंडर मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। घायल दोनों आरोपितों को पुलिस अभिरक्षा में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार चारों आरोपित आगरा के निवासी हैं। इनके खिलाफ आगरा, फिरोजाबाद, दिल्ली, ग्वालियर, धौलपुर और भरतपुर सहित विभिन्न स्थानों पर लूट, टप्पेबाजी, चोरी, धोखाधड़ी, शस्त्र अधिनियम और गैंगस्टर एक्ट समेत 30 से अधिक आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस के अनुसार, यह गिरोह बुजुर्गों और राहगीरों को बातचीत में उलझाकर उनके आभूषण उतरवा लेता था और मौके से फरार हो जाता था। पुलिस का मानना है कि गिरोह की गिरफ्तारी से हाल के दिनों में हुई कई टप्पेबाजी की घटनाओं का खुलासा होने की संभावना है। आरोपितों के विरुद्ध विधिक कार्रवाई की जा रही है।





