ऊंचाहार, रायबरेली। क्षेत्र के गोकना गंगा तट पर तीन दिवसीय कार्तिक पूर्णिमा मेले का समापन मां गंगा की अविरल धारा को नमन करते हुए किया गया। समापन कार्यक्रम का आयोजन माँ गंगा गोकर्ण जनकल्याण सेवा समिति द्वारा किया गया, जिसके मुख्य अतिथि भाजपा ओबीसी मोर्चा के प्रांतीय मंत्री अभिलाष चंद्र कौशल रहे।
कार्यक्रम के दौरान अभिलाष कौशल ने लोक कल्याण की कामना करते हुए मां भागीरथी की आरती की और कहा कि गंगा को शुद्धि और क्षमा की देवी माना जाता है। उन्होंने कहा कि गंगा का जल पवित्र और अमृततुल्य है, जो सभी संस्कारों में आवश्यक माना गया है। गंगा स्नान से पापों का नाश होता है और मोक्ष की प्राप्ति होती है, इसलिए मां गंगा को स्वच्छ रखना हर व्यक्ति का कर्तव्य है।
भाजपा नेता ने कहा कि गंगा का उल्लेख वेद, उपनिषद, महाकाव्य और लोकगीतों में मिलता है। गंगा नदी विभिन्न संस्कृतियों और जातियों के लोगों को जोड़ने वाली राष्ट्रीय एकता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि इसके तटों पर लगने वाले मेले भारतीय सांस्कृतिक एकता और समरसता का संदेश देते हैं।
मेले के समापन अवसर पर अभिलाष कौशल ने मां गंगा का विधिवत पूजन कर आरती की और मेले के औपचारिक समापन की घोषणा की। पूजा-अर्चना का कार्य गंगा तट के वरिष्ठ पुरोहित जितेंद्र द्विवेदी द्वारा संपन्न कराया गया।
इस अवसर पर राजेंद्र सिंह, पत्रकार मनमाना गुरु, रामू चौरसिया, संतोष गुप्ता, अर्पित द्विवेदी, अमित निषाद, राहुल सोनी, संजय पाठक, गजानन द्विवेदी, गुड्डन यादव, संजय पासी और आशीष सिंह सहित कई श्रद्धालु उपस्थित रहे।
संपन्न हुआ कार्तिक पूर्णिमा मेला :: माँ गंगा के तट पर लगने वाले मेले सांस्कृतिक एकता को दर्शाते हैं : अभिलाष कौशल





