फिरोजाबाद। प्रांतीय नेतृत्व के आह्वान पर फिरोजाबाद उद्योग व्यापार मंडल के प्रतिनिधिमंडल ने खाद्य सुरक्षा एवं औषधि विभाग कार्यालय पहुंचकर मुख्यमंत्री के नाम संबोधित 12 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा। व्यापारियों ने प्राइवेट लैब की जांच रिपोर्ट के आधार पर निर्माताओं के खिलाफ की जा रही कार्रवाई को तत्काल प्रभाव से बंद करने की मांग उठाई।
महानगर अध्यक्ष अम्बेश शर्मा के नेतृत्व में व्यापारियों का प्रतिनिधिमंडल मुख्यालय से पैदल मार्च करते हुए खाद्य सुरक्षा एवं औषधि विभाग कार्यालय पहुंचा। इस दौरान व्यापारियों ने विभाग के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए “व्यापार मंडल जिंदाबाद”, “सैंपल विभाग होश में आओ” तथा “गरीब व्यापारियों को सैंपल भरने के नाम पर मत सताओ” जैसे नारे लगाए।
व्यापारियों ने खाद्य सुरक्षा एवं औषधि विभाग के सहायक आयुक्त की अनुपस्थिति में चीफ सेनेटरी इंस्पेक्टर मनोज कुमार सिंह को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में मांग की गई कि खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत सैंपल भरते समय रिटेलर के साथ निर्माता को भी पक्षकार बनाया जाए। व्यापारियों ने कहा कि नकली और डुप्लीकेट सामान के बढ़ते मामलों को देखते हुए यदि रिटेलर या होलसेलर वैध बिल प्रस्तुत कर दे तो निर्माता को भी सैंपल प्रक्रिया में शामिल किया जाना चाहिए।
ज्ञापन में प्रदेश की सभी राजकीय खाद्य विश्लेषण प्रयोगशालाओं से 14 दिन के भीतर रिपोर्ट उपलब्ध कराने की मांग भी की गई। साथ ही प्राइवेट लैब की जांच रिपोर्ट के आधार पर निर्माताओं के खिलाफ हो रही कार्रवाई को तत्काल बंद करने, पिछले वर्षों में भरे गए सर्वे सैंपलों की रिपोर्ट सार्वजनिक करने तथा उन्हीं के आधार पर नए मानक तय करने की मांग उठाई गई।
ज्ञापन देने वालों में हरिशंकर राठौर, मुन्नालाल गोला, दुष्यंत यादव, रमाशंकर दादा, स्वतंत्र गुप्ता, सुशील जाट, अनिल गुप्ता अमीना, रजनीश शर्मा, विकास लहरी, राजेश शर्मा, सुभाष यादव, अजीत लहरी, सुबोध बघेल, अजय प्रजापति, मूलचंद राठौर, रामगोपाल बजाज, संजय शर्मा, हर्षवर्धन, प्रवीण शर्मा और आकाश सहित दर्जनों व्यापारी मौजूद रहे।





