हाथरस। स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के उद्देश्य से मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. राजीव राय ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हसायन, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र महौ तथा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र हाथरस जंक्शन का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कई कर्मचारी अनुपस्थित मिले, जबकि कई स्थानों पर साफ-सफाई व्यवस्था भी असंतोषजनक पाई गई। इस पर सीएमओ ने नाराजगी जताते हुए अनुपस्थित कर्मचारियों के वेतन आहरण पर रोक लगाने के निर्देश दिए।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हसायन के निरीक्षण में उपस्थिति पंजिका के अनुसार डॉ. रूपेश, डॉ. शबनम, स्टाफ नर्स रवि कुमार एवं स्वीपर विनीत कुमार अनुपस्थित पाए गए। अस्पताल की साफ-सफाई व्यवस्था भी संतोषजनक नहीं मिली। शौचालय और ऑपरेशन थिएटर में गंदगी पाए जाने पर संबंधित कर्मचारियों को तत्काल सफाई कराने के निर्देश दिए गए। इमरजेंसी वार्ड, एनसीडी कक्ष और आयुष्मान कक्ष बंद मिले।
सीएमओ ने मरीजों और तीमारदारों के लिए रखे मटकों में प्रतिदिन साफ एवं ठंडा पानी भरवाने के निर्देश दिए। साथ ही प्रभारी चिकित्सा अधीक्षक को अस्पताल परिसर और आसपास की साफ-सफाई दुरुस्त कराने के आदेश दिए। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र महौ के निरीक्षण में डॉ. सुफिया केसर, डॉ. हीना मुख्तयार, डेंटल हाईजिनिस्ट विनीता शर्मा, स्टाफ नर्स नीरज और एलटी रोहिताश कुमार अनुपस्थित मिले। यहां ओपीडी में केवल पांच मरीजों का पंजीकरण पाया गया। एनबीएसयू कक्ष और मीटिंग हॉल में साफ-सफाई की स्थिति खराब मिली। सीएमओ ने बेकार सामान हटाकर सफाई कराने तथा हीट वेव रूम में कूलर की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र हाथरस जंक्शन के निरीक्षण के दौरान एचएस मुस्ताक खान, स्वीपर कम चौकीदार अमन कुमार और हेमलता कुमारी अनुपस्थित मिलीं। सीएमओ ने इनके वेतन पर रोक लगाने और स्पष्टीकरण लेने के निर्देश जारी किए। निरीक्षण के दौरान बताया गया कि केंद्र पर प्रतिदिन लगभग 50 से 55 मरीजों का उपचार किया जाता है। ईडीएल मानक के अनुसार 196 दवाओं के सापेक्ष 182 प्रकार की दवाएं उपलब्ध पाई गईं। सीएमओ ने गर्मी को देखते हुए पेयजल व्यवस्था दुरुस्त रखने और लेबर रूम के फर्श की मरम्मत कराने के भी निर्देश दिए।





