श्याम बिहारी भार्गव: मथुरा। भारतीय किसान यूनियन (सुनील) के कार्यकर्ताओं व पदाधिकारियों ने गोवर्धन विधानसभा क्षेत्र, तहसील मथुरा के ग्राम पंचायत रामनगर जचौदा में भू-माफियाओं द्वारा किए गए कब्जों को हटाने की मांग को लेकर तहसील सदर पहुंचकर एसडीएम कार्यालय पर प्रदर्शन किया। उन्होंने एसडीएम सदर को ज्ञापन सौंपकर समस्या से अवगत कराया। एसडीएम सदर ने शीघ्र समाधान का आश्वासन दिया। भारतीय किसान यूनियन (सुनील) के राष्ट्रीय प्रवक्ता पवन चतुर्वेदी ने कहा कि गोवर्धन विधानसभा क्षेत्र के गांव रामनगर जचौदा में भू-माफियाओं ने ग्राम सभा की श्मशान भूमि की करीब तीन बीघा जमीन पर कब्जा कर लिया है। गांव के खेल मैदान पर भी अवैध कब्जे किए गए हैं।
उन्होंने बताया कि श्मशान भूमि पर दबंगों द्वारा कब्जा किए जाने से ग्रामीणों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसकी शिकायत कई बार तहसील अधिकारियों से की जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं निकला। लगभग छह महीने पहले भी ग्रामवासियों ने तहसील सदर में शिकायत दर्ज कराई थी। उच्च अधिकारियों ने गांव का मुआयना भी किया, लेकिन श्मशान भूमि और खेल मैदान को कब्जा मुक्त नहीं कराया गया।
सतोहा असगरपुर में भी भू-माफियाओं द्वारा पशुओं की पोखर पर कब्जा कर उसे कॉलोनी की बाउंड्री के अंदर शामिल कर लिया गया है। मथुरा जनपद में ग्राम सभा और नगर निगम की जमीनों पर अवैध कब्जे जारी हैं, जबकि प्रशासन निष्क्रिय बना हुआ है, जिससे ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त है। गोवर्धन रोड के गांव, जो अब मथुरा-वृंदावन नगर निगम क्षेत्र में शामिल हो चुके हैं, वहां भी भू-माफियाओं द्वारा जमीनों पर कब्जे किए जा रहे हैं।
रामनगर जचौदा के किसानों ने मांग की है कि गांव की श्मशान भूमि को भू-माफियाओं से जल्द मुक्त कराया जाए, अन्यथा भारतीय किसान यूनियन (सुनील) के कार्यकर्ता व पदाधिकारी सदर तहसील में अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन करने को बाध्य होंगे, जिसकी समस्त जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
ज्ञापन देने वालों में प्रमुख रूप से रालोद नेता विश्वेंद्र चौधरी, भारतीय किसान यूनियन (सुनील) के वरिष्ठ जिला सलाहकार प्रयागनाथ चतुर्वेदी, वरिष्ठ किसान नेता सुनील चौधरी, जनसेवक भगवान दास तोमर, वृंदावन नगर अध्यक्ष विनोद राजपूत, सुशील चौधरी, राजेश चौधरी, कप्तान साहब, प्रेम सिंह चौधरी, राजवीर चौधरी, मांगेराम चौधरी, वेदराम चौधरी, मोतीराम चौधरी, जोगेंद्र सिंह, देवीराम चौधरी, महावीर चौधरी आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे।





