श्याम बिहारी भार्गव: मथुरा। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर ज्योतिर्मठ पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती एवं उनके शिष्यों पर दर्ज एफआईआर के विरोध में मथुरा कांग्रेस ने प्रदर्शन किया। मथुरा कांग्रेस जिलाध्यक्ष मुकेश धनगर के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ता कचहरी स्थित पेट्रोल पंप के समीप एकत्रित हुए और प्रदर्शन करते हुए जिलाधिकारी के माध्यम से प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा।
जिलाध्यक्ष मुकेश धनगर ने कहा कि ज्योतिर्मठ पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के विरुद्ध पॉक्सो (POCSO) अधिनियम के अंतर्गत प्राथमिकी दर्ज की गई है। न्यायालय के आदेशों का सम्मान प्रत्येक नागरिक और शासन का कर्तव्य है, किंतु इस प्रकरण के समय, परिस्थितियों और व्यापक परिप्रेक्ष्य ने समाज में कई प्रश्न और आशंकाएं उत्पन्न कर दी हैं। उन्होंने कहा कि स्वामी जी ने पूर्व में महाकुंभ मेले में हुई भगदड़ के संदर्भ में राज्य सरकार की प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर सार्वजनिक रूप से प्रश्न उठाए थे। अब शंकराचार्य जी एवं उनके शिष्य स्वामी मुकुंदानंद ब्रह्मचारी सहित अन्य अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध यौन शोषण के आरोप में एफआईआर दर्ज की गई है।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि भारतीय संविधान के अनुच्छेद 25 और 26 धार्मिक स्वतंत्रता तथा धार्मिक संप्रदायों को अपने धार्मिक मामलों के प्रबंधन का मौलिक अधिकार प्रदान करते हैं। शंकराचार्य का पद सनातन परंपरा में सर्वोच्च आध्यात्मिक पदों में से एक है, जिसकी मान्यता ऐतिहासिक धार्मिक परंपराओं द्वारा निर्धारित होती है। उन्होंने मांग की कि इस मामले में एफआईआर दर्ज कराने वाले व्यक्तियों की पृष्ठभूमि, परिस्थितियों और संभावित प्रेरक तत्वों की निष्पक्ष एवं पारदर्शी जांच कराई जाए। यदि किसी शीर्ष धर्माचार्य के विरुद्ध उत्पन्न परिस्थितियों से शासन और आध्यात्मिक परंपरा के बीच अनावश्यक टकराव की धारणा बनती है, तो इससे व्यापक धार्मिक समाज में असंतोष की भावना उत्पन्न हो सकती है।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि यह विषय केवल एक व्यक्ति विशेष का नहीं, बल्कि आस्था, संवैधानिक अधिकारों और शासन की निष्पक्षता से जुड़ा है। देश की जनता यह विश्वास चाहती है कि भारत में कानून का शासन सर्वोपरि है और किसी भी प्रकार के दुरुपयोग को संरक्षण प्राप्त नहीं होगा।
ज्ञापन कार्यक्रम का संचालन वैद्य मनोज गौड़ ने किया। ज्ञापन देने वालों में आदित्य तिवारी, ललिता देवी, गीता दिवाकर, रूपा लवानिया, अश्वनी शुक्ला, हरवीर सिंह पुंडीर, विपुल पाठक, दीपक पाठक, अप्रतिम सक्सेना, दुर्गेश बघेल, प्रवीण ठाकुर, शैलेंद्र चौधरी, पंकज चौधरी, खुशीराम पटेल, अनाम धन्य तिवारी, भगवान देई, कुंवर सिंह निषाद, जिलानी कादरी, रमेश कश्यप, रवि वाल्मीकि, अशोक निषाद, मुस्लिम कुरैशी, करण निषाद, काशन रिजवी, महेश चौबे, निशू यादव, शैलेश यादव, इंद्रजीत गौतम, नसरुद्दीन अब्बासी, राकेश शुक्ला, रिंकू गौतम, संदीप चौधरी, अनवर फारुकी, पूरन सिंह, सत्यम चतुर्वेदी, बंटी दिवाकर, मोनू निषाद, अनिल खरे, भगवान सिंह, ललित शर्मा, माधव कुमार, दिलीप वर्मा, गुड्डू ललित, नीरज, मंजू, नेहा, सुमन, ललतेश, सावित्री, गुड्डी, विवेक कुमार, राजेश कुमार, विक्रम बाल्मीकि सहित अन्य कांग्रेसजन उपस्थित रहे।





