पंडित अनुपम दुबे: सिकंदरा। खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के अंतर्गत हो रही कार्रवाई से उत्पन्न कठिनाइयों के निराकरण की मांग को लेकर सिकंदरा व्यापार समिति के अध्यक्ष अनिल कुमार गुप्ता के नेतृत्व में व्यापारियों ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को संबोधित ज्ञापन उप जिलाधिकारी को सौंपा।
ज्ञापन में व्यापारियों ने 18 सूत्रीय मांगें रखीं। प्रमुख मांगों में कहा गया है कि खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत फूड लाइसेंस न होने पर सजा का प्रावधान समाप्त किया जाए। सैंपलिंग के दौरान व्यापार मंडल के पदाधिकारी को मौके पर बुलाया जाए ताकि निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित हो सके और व्यापारियों का उत्पीड़न न हो। साथ ही विभागीय बिचौलियों द्वारा अवैध वसूली पर रोक लगाने की मांग की गई।
व्यापारियों ने फर्जी शिकायतों के आधार पर की जा रही सैंपलिंग को बंद करने तथा शिकायतकर्ता की सत्यता की जांच के बाद ही नमूना लेने की प्रक्रिया अपनाने की बात कही। उनका कहना है कि खेती में कीटनाशकों और रासायनिक खादों के उपयोग के लिए स्पष्ट मानक तय नहीं हैं, जिससे खाद्यान्न में रसायनों की मात्रा बढ़ रही है और गंभीर बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है। ऐसे में वर्तमान परिस्थितियों के अनुसार खाद्य पदार्थों के मानकों में संशोधन किया जाए तथा कृषि विभाग को कीटनाशकों और रासायनिक खादों के लिए मानक निर्धारित करने के निर्देश दिए जाएं। नए मानक तय होने तक व्यापारियों की सैंपलिंग रोकने की मांग भी की गई।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 की धारा 70 के अंतर्गत खाद्य सुरक्षा अपील अभिकरण की स्थापना की जाए, जिससे अपीलों का त्वरित निस्तारण हो सके। वर्तमान में जिला जज को अपील सुनवाई के लिए अधिकृत किए जाने से मामलों में विलंब होता है।
व्यापारियों ने पैकिंग एवं लेबलिंग से संबंधित प्रावधानों पर भी आपत्ति जताई। उनका कहना है कि पैकिंग कंपनियों द्वारा तैयार उत्पादों में रिटेल व थोक व्यापारी कोई बदलाव नहीं कर सकते, इसके बावजूद उन्हें भी दंडित किया जाता है। उन्होंने मांग की कि पैकिंग में कमी पाए जाने पर केवल संबंधित कंपनी या फर्म को ही जिम्मेदार ठहराया जाए, न कि खुदरा और थोक व्यापारियों को।
ज्ञापन सौंपने के दौरान रामकुमार गुप्ता (प्रदेश उपाध्यक्ष, उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल), अमित गुप्ता, शिवम सोनी (युवा नगर अध्यक्ष), दिलशाद अहमद (महामंत्री), संदीप गुप्ता टीटू (कोषाध्यक्ष), सुधीर कुमार वर्मा (खाद्य कोष अध्यक्ष), रामकुमार गुप्ता, रजत कुमार गुप्ता, अनमोल चौरसिया, रिशु सविता, चंद्रगुप्त कुशवाह (युवा नगर महामंत्री), हेमंत कटियार (वरिष्ठ उपाध्यक्ष), लाल सिंह पाल (व्यवस्था मंत्री), बालक राम गौतम (उपाध्यक्ष), अमित यादव (मंत्री), सौरभ वर्मा (व्यवस्था मंत्री), जुनैद अहमद (संगठन मंत्री), राजेश खन्ना दिवाकर (मंत्री), अमित सिंह राजावत (संगठन मंत्री) और संजय निरंकारी सहित कई व्यापारी मौजूद रहे।










