रायबरेली। आधुनिक रेल डिब्बा कारखाना (आरेडिका) रायबरेली के महाप्रबंधक रामन कृष्णन ने 16 अप्रैल को तकनीकी प्रशिक्षण केंद्र का निरीक्षण किया और वेल्डर प्रशिक्षण एवं कौशल विकास कार्यक्रम का उद्घाटन किया। यह कार्यक्रम स्किल इंडिया मिशन के अंतर्गत संचालित किया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान महाप्रबंधक ने विभिन्न वेल्डिंग मशीनों जैसे मिग-मेग, आर्क, टिग, पोर्टेबल और स्पॉट वेल्डिंग की कार्यप्रणाली को बारीकी से देखा और उन्हें नवीन तकनीकों से और अधिक उन्नत बनाने के सुझाव दिए। इस अवसर पर रेलवे और संविदा कर्मचारियों की कार्य क्षमता बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया।
अपने संबोधन में महाप्रबंधक रामन कृष्णन ने कहा कि आरेडिका एक प्रमुख उत्पादन इकाई है, जहां रेलवे कोचों का निर्माण किया जाता है। उन्होंने कहा कि कोच निर्माण की गुणवत्ता वेल्डिंग की मजबूती पर निर्भर करती है, इसलिए बेहतर वेल्डिंग प्रशिक्षण अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने यह भी कहा कि इस कार्यक्रम से उन कर्मचारियों को लाभ मिलेगा जो आर्थिक कारणों से लखनऊ या कानपुर जैसे बड़े शहरों में प्रशिक्षण लेने में सक्षम नहीं हैं। प्रशिक्षण के दौरान वेल्डिंग के साथ-साथ गैस, वेल्डिंग चश्मे, विद्युत वोल्टेज और सुरक्षा उपायों की भी विस्तृत जानकारी दी जाएगी।
इस अवसर पर प्रधान मुख्य यांत्रिक इंजीनियर विवेक खरे, मुख्य संयंत्र इंजीनियर ए. पी. सोनी, मुख्य अभिकल्प इंजीनियर कुलदीप सिंह सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। जानकारी जनसंपर्क अधिकारी अनिल कुमार श्रीवास्तव ने दी।










